shareknowledgeindia

पर्सनैलिटी डेवलपमेंट पार्ट 9 : The Center of Attraction Amazing


व्यक्तित्व से सब कुछ शुरू होता है


आप सामने वाले लोगों की नजर में तभी आते हैं जब आप अच्छे दिखते हैं। अगर आप की लंबाई 5 फीट 10 इंच हो तो आप देखने में अच्छे लगते हैं कुछ चीज आपकी पर्सनालिटी खराब कर देती है। जैसे जरूर से ज्यादा मोटा होना या फिर शरीर का दुबला पतला होना अगर आपकी लंबाई 6 फीट से ज्यादा है तो आप देखने में अच्छे लगते हैं। पर आपकी पर्सनालिटी आपके चलने पर निर्भर करती है अगर आप झुक कर चलते हैं तो आप देखने में खराब लगेंगे।

आपका लंबा होना भी जरूरी नहीं है अगर आप देखने में अच्छे नहीं लगता अच्छे शरीर के साथ अच्छा पहनावा होना भी जरूरी होता है। आपको हमेशा साफ और सुंदर कपड़े पहन के रहना चाहिए। इसी के साथ आप अपनी भाषा को आकर्षक बना सकते हैं। सामने वाला व्यक्ति आपके कपड़ो के साथ-साथ आपकी बोली से भी प्रभावित होता है। अगर आप सामने वाले व्यक्ति से ठीक से बात नहीं करते हैं तो आप उनकी नजरों में गिर जाते हैं।

पर्सनैलिटी डेवलपमेंट
पर्सनैलिटी डेवलपमेंट

ऊपर दिए गए मामलों पर विचार करिए


मोटा होने से किसी का नुकसान नहीं होता है


अगर कोई झुक कर चलता है तो उससे किसी की भावना को ठेस नहीं पहुंचता है।
किसी व्यक्ति ने खराब कपड़े पहने हैं तो वह वह देखने में अप्रिय दृश्य पैदा करता है और उसका असर अच्छा नहीं होता।
अगर कोई व्यक्ति खराब भाषा में बात करता है या फिर ऊंची भाषा में बात करता है तो उससे आकर्षक काम हो जाता है।
अगर कोई व्यक्ति चिल्ला कर बात करता है तो आपको बुरा लगता है।

ऊपर दिए गए सभी पहलू व्यक्तित्व से जुड़े हुए हैं यह सारे पहलू प्रत्यक्ष मामले हैं ऐसे कई पहलू है जिन पर मिलने वाली प्रतिक्रिया अलग-अलग हो सकती है। एक व्यक्ति अपने अंदर किस तरह बदलाव शुरू करता है यह उसके ऊपर निर्भर करता है।

पर्सनैलिटी डेवलपमेंट
पर्सनैलिटी डेवलपमेंट


व्यक्तित्व से जुड़े पहलुओं में तहजीब और रिवाज बहुत जरूरी होता है। आप सार्वजनिक रूप से दूसरे पर नहीं चिल्ला सकते आप बेवजह किसी दूसरे के ऊपर भी चिल्ला नहीं सकते हैं।

यह नियम के खिलाफ है अगर आपके सामने कोई बुजुर्ग आता है तो आप उनका अपमान नहीं कर सकते आप कहीं बाहर घूमने जा रहे हो या फिर किसी पार्टी में जा रहे हो तो आप अच्छे कपड़े पहन कर जाइए आप वहां गंदे कपड़े या फिर टुडे- मुड़े कपड़े पहन कर नहीं जा सकते। इस तरह का रिवाज हमारे यहां नहीं होता है इसलिए सही व्यक्तित्व विकसित करना बहुत जरूरी होता है। अगर आप अपने व्यक्तित्व को सुधारते हैं तो यह आपकी आदत बन जाती है।

व्यक्तित्व की परिभाषा


किसी व्यक्ति का जीवन कैरियर विकास और उपलब्धियां उसके व्यक्ति की बहुत महत्वपूर्ण भूमिका होती है किसी व्यक्ति के जीवन का यह विशेष तत्व उसकी सफलता और नाकामी का या फिर उसकी हर और जीत का फैसला करता है।

पर्सनैलिटी शब्द एक ऐसा शब्द है जिसकी परिभाषा देना बहुत मुश्किल है। इसे बहुत सारी चीजों से जोड़ा जाता है जैसे आपकी आदतें आपके पहनने ओढ़ने का ढंग आपके अच्छे व्यवहार आपका व्यक्तित्व आपकी बोलचाल की नीति और भी बहुत सारी चीज है जिसे पर्सनालिटी में जोड़ा जाता है।


सच्चाई तो यह है कि व्यक्तित्व में इन चीजों के शामिल होने के अलावा बहुत सी चीज हैं जो इन सब में आती है। किसी व्यक्ति का कोई ऐसा पहलू जो सामने वाले व्यक्ति को आकर्षित करता है और सामने वाले व्यक्ति की सराहना पाता है उसे व्यक्तित्व कहा जाता है। इसे इस तरह से कह सकते हैं कि व्यक्ति सुंदर जैसी चीज है जिसकी सरहाना आसानी से तो की जा सकती है लेकिन उसे परिभाषित करना बहुत मुश्किल होता है। पर इस सब के बावजूद इसे परिभाषित करने का प्रयास किया जाना चाहिए।

पर्सनैलिटी डेवलपमेंट

एक अलग और अच्छा चरित्र होना


किसी व्यक्ति की समग्र विशेषता करना
व्यक्ति की विभिन्न विशेषताएं जो उसे किसी अन्य व्यक्ति से अलग करती है।
किसी व्यक्ति की विशेषताओं को समग्र रूप से देखा जाए और वह अन्य लोगों से अलग हो खास तौर पर उसमें सामाजिक रूप से स्वीकार्य विशेषताएं हो।

इन सभी परिभाषा में सबसे महत्वपूर्ण शब्द विशेषता है इसकी व्याख्या इस तरह से की जा सकती है।
ऐसी विशेषता यह गुण जो किसी व्यक्ति को अन्य व्यक्ति से अलग बनाएं।
कुछ ऐसे खास गुण होते हैं जो व्यक्ति की अपनी व्यक्तिगत पहचान बनाते हैं।
मानसिक और नैतिक गुण जो एक व्यक्ति को अन्य लोगों से अलग करते हैं।

गुण शब्द की क्या परिभाषा होती है


किसी व्यक्ति की अच्छाइयां


व्यक्ति की कुछ ऐसी विशेषताएं जो अच्छी और खराब या फिर वांछित और अवांछित हो सकती है।
अगर आप इन सारी बातों को एक साथ रखते हैं तो आपके सामने यह बात आती है कि एक व्यक्ति का व्यक्तित्व का निर्माण इसी प्रकार होता है। पर्सनल और क्वालिटी इन दो शब्द को एक साथ जोड़कर ही आपका व्यवहार देखा जाता है। यह आपके अंदर के गुण को प्रदर्शित करता है ठीक है यदि आपका एक गुण अच्छा है और एक गुण खराब है तो इससे आपका प्रभाव अच्छा नहीं होगा।

आकर्षण का केंद्र बनना केवल सुंदर दिखने या अच्छे कपड़े पहनने तक सीमित नहीं है। वास्तविक आकर्षण व्यक्ति के व्यक्तित्व, व्यवहार, आत्मविश्वास, बातचीत करने के तरीके और दूसरों के प्रति सम्मान से उत्पन्न होता है। एक प्रभावशाली व्यक्ति अपनी सकारात्मक सोच, विनम्रता और आत्मविश्वास के कारण लोगों का ध्यान आसानी से आकर्षित करता है।

व्यक्तित्व विकास में यह महत्वपूर्ण है कि हम अपनी कमियों को पहचानें और उन्हें सुधारने का निरंतर प्रयास करें। स्पष्ट बोलना, ध्यान से सुनना, चेहरे पर सहज मुस्कान रखना, उचित बॉडी लैंग्वेज अपनाना और दूसरों की भावनाओं को समझना व्यक्ति के आकर्षण को बढ़ाता है। इसके साथ ही ज्ञान, अनुशासन, ईमानदारी और अच्छा व्यवहार भी व्यक्तित्व को प्रभावशाली बनाते हैं।

आकर्षण का केंद्र बनने का अर्थ यह नहीं है कि हर व्यक्ति हमें पसंद करे, बल्कि इसका अर्थ है कि हमारी उपस्थिति दूसरों पर सकारात्मक प्रभाव छोड़े। जब व्यक्ति स्वयं पर विश्वास करता है और बिना किसी दिखावे के अपने वास्तविक व्यक्तित्व को प्रस्तुत करता है, तब उसके व्यक्तित्व में स्वाभाविक आकर्षण दिखाई देता है।

अतः कहा जा सकता है कि आकर्षण का वास्तविक केंद्र हमारा व्यक्तित्व और हमारा व्यवहार है। यदि हम आत्मविश्वास, सकारात्मक सोच, शिष्टाचार और अच्छे संस्कारों को अपने जीवन का हिस्सा बना लें, तो हम न केवल दूसरों को प्रभावित कर सकते हैं, बल्कि अपने जीवन में भी सफलता और सम्मान प्राप्त कर सकते हैं।

पर्सनैलिटी डेवलपमेंट पर्सनैलिटी डेवलपमेंट पर्सनैलिटी डेवलपमेंट पर्सनैलिटी डेवलपमेंट पर्सनैलिटी डेवलपमेंट

Leave a Comment